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Thursday, February 24, 2011

इंजीनियर

जादू को चीज़ें जोड़ना बहुत पसंद हैं।

लेकिन चीज़ों को जोड़ा तब जाता है

जब वो टूट जाएं।

इसका मतलब समझे आप।

जादू एक तोड़ू इंजीनियर हैं।

थॉली और टेन-टेन

आजकल जादू नए नए शब्‍द सीख रहा है।

वो कान पकड़कर मम्‍मा को 'थॉली'  (सॉरी) बोलता है।

और खूब मुस्‍कुराकर बोलता है--'टेन टेन' (थैंक्‍यू)।

बदमाशी

एक दिन जादू ने 'लैक्‍टो-कैलामाइन लोशन'

की शीशी लेकर उसे पूरे बेड पर फैला दिया।

और अपने चेहरे और हाथ पैरों पर लगा लिया।

आजकल जादू की बदमाशियां बढ़ती जा रही हैं।

जादू का जन्‍मदिन आ रहा है

जादू का जन्‍मदिन है शनिवार को।

जादू दो साल का हो जाएगा।
मम्‍मा-पापा तैयारी कर रहे हैं आजकल।

रो पड़ीं

एक दिन जादू ने मम्‍मा को इतना सताया कि

मम्‍मा रो पड़ीं।

फिर जादू को बहुत प्‍यार भी किया।

मुश्किल काम

'एक बेहद शरारती बच्‍चे के मां-बाप होना

एक बेहद मुश्किल काम है।'

---'जादू के पापा'

Wednesday, February 9, 2011

ऋत्विक भैया

एक दिन जादू के विशेष-भक्‍त, मित्र, गाइड और शरारतों के साथी ऋत्विक भैया

चले आए।

उनका क्‍या हश्र किया गया। इन तस्‍वीरों में देखिए।

1. उनके बाल खींचे गए।

2. उनके सिर पर चढ़कर बैठा गया

3. उनके साथ फुटबॉल, क्रिकेट, दौड़ और छिप्‍पी खेला गया।

अब क्‍या-क्‍या बताएं।

जब ऋत्विक भैया चले गए तो जादू बोला--'बैया नईं आं'

यानी भैया नहीं हैं।

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तबिता

आजकल जादू की सविता मौसी से खूब बनती है।

सोमवार को पूरे दिन जादू मौसी के साथ रहे।

ख़ूब मस्‍ती की।

और तब से आज तक बीच-बीच में ज़ोर-ज़ोर से चिल्‍लाते हैं

'तबिता आने' यानी सविता आईये।

अभी 'मौसी' शब्‍द जादू के शब्‍द-कोष में नहीं है।

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सविता मौसी के साथ जादू की एक पुरानी फोटो।

टेलीफ़ोन

अभी-अभी किसी का लैंड-लाइन पर फोन आया।
जादू ने फौरन उठा लिया।

पहले कुछ अगड़म-बगड़म बोले--अपनी भाषा में।

और फिर मम्‍मा को पकड़ा दिया।

अब जादू मम्‍मा की गोद में बैठकर उनकी बातें सुन रहे हैं।
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Wednesday, February 2, 2011

नहीं दूंगा

आज 'इस्‍त्री' के लिए कपड़े लेने वाला बंदा आया।

'जादू' ने मम्‍मा के कपड़े देने से इंकार कर दिये।

शायद उसे लग रहा हो कि मेरी मम्‍मा के कपड़े

ये बंदा कहां ले जा रहा है।

बड़ी मुश्किल से जादू को समझाया गया कि

कल प्रेस होकर ये कपड़े वापस आ जायेंगे।