लीजिए डॉक्टर मामा
आपके लिए
मकर-संक्रांति पर पतंग उड़ाने वाली एक तस्वीर।
आपकी इस साल की पतंग वाली तस्वीर कहां है?
Sunday, January 16, 2011
डॉक्टर-मामा के लिए पतंग वाली तस्वीर
मम्मा करें सेवा
जादू आज बहुत थक गया है।
उसके पैर दुख रहे हैं।
मम्मा के पैर पर पैर रखवाकर
वो उनसे मालिश करवा रहा है।
थकान के मारे उसे नींद नहीं आ रही है।
फुटबॉल
जादू अपने से बहुत बड़े बच्चों के साथ
स्पोर्ट्स खेलता है।
आज जादू ने ध्रुव भैया
और शंकर अंकल के साथ
फुटबॉल भी खेली।
झूला
आज जादू पापा के जिगरी दोस्त शंकर अंकल के घर मालाड गया था।
वहां कॉलोनी का बड़ा सा कंपाउंड और पार्क है।
जादू ने वहां बहुत मस्ती की।
झूले पर बैठकर जादू सोच रहा है झूलूं या नहीं।
जलेबी
Saturday, January 15, 2011
मकर-संक्रांति
जादू ने रश्मिन भैया के साथ पतंग उड़ाई।
और अब जा रहा है विविध-भारती।
मम्मा को 'पिक-अप' करने।
और हां तिल के लड्डू और खिचड़ी भी खाई।
अब जादू कह रहा है--मम्मा आने। (मम्मा आईये)
चामन
जादू ने आज एक नया शब्द सीखा है।
'चामन'
अरे भई 'साबुन' 'साबुन'
उसे बार बार साबुन से हाथ धुलवाना पसंद है।
मनचाहे गीत
मम्मा विविध-भारती पर मकर-सक्रांति विशेष मनचाहे गीत कर रही हैं।
जादू DTH पर सुन रहा है।
मम्मा की आवाज़ आते ही जादू डान्स करता है।
और बोलता है--'मम्मा....मम्मा.....मम्म्मा'।
जादू रेडियो पर मम्मा की आवाज़ पहचानता है।
'मम्मा आने'
मम्मा दफ्तर में हैं। और जादू पापा से बार-बार पूछ रहा है--'मम्मा नेया'
यानी मम्मा नहीं हैं।
उसके बाद जादू बोलता है--'मम्मा आने'
यानी मम्मा आईये।