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Thursday, March 3, 2011

आज सुबह की तस्‍वीरें

आज सुबह जब हॉल में धूप-छाया का खेल जारी था तब पापा ने ये तस्‍वीरें ली हैं।

एकदम ताज़ा तस्‍वीरें।
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Saturday, February 26, 2011

आज 'जादू' का जन्‍मदिन है।

आज शरारत की ये पुडिया दो बरस की हो गई।

सुबह से घर में शरारतों का जमघट है।

आज की शरारतों की फ़ेहरिस्‍त बाद में।

फिलहाल तो इतना ही कि

शाम को कुछ लोग घर पर आ रहे हैं।


पापा केक ले आए हैं। फ्रिज में सुरक्षित है।

जादू ने 'रिबन्‍स एंड बलून्‍स' में केक लेने से पहले

पेस्‍ट्री सफ़ाचट कर ली है।
डॉक्‍टर मामा का गिफ्ट आ चुका है।

देवेंद्र मामा की कविता फ़ोन पर उन्‍हीं की आवाज़ में रिकॉर्ड हो चुकी है।

जन्‍मदिन की तैयारियां ज़ोरों पर हैं।
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Thursday, February 24, 2011

ऐ ऑतो

जादू ने पता नहीं कहां से 'ऑटो' रोकना सीख लिया है।Auto_Rickshaw

वो रोड पर पहुंचते ही बोलता है--'ऑतो....ऐ ऑतो'। 

और ऑटो वाले रूक जाते हैं।


एक दिन सविता मौसी के साथ जब जादू टहलने निकले
तो
कई ऑटो को रूकवा लिया।

जिन आन्‍टी के घर जादू दिन भर रहते हैं शायद उनके साथ

ऑटो की सैर करते हुए जादू ने ये हुनर सीखा है।

सड़क पर जादू चाहे कार में ही क्‍यों ना जा रहे हों--

ऑटो देखकर कहेंगे--'ऑतो.....ऐ ऑतो.....'।

इंजीनियर

जादू को चीज़ें जोड़ना बहुत पसंद हैं।

लेकिन चीज़ों को जोड़ा तब जाता है

जब वो टूट जाएं।

इसका मतलब समझे आप।

जादू एक तोड़ू इंजीनियर हैं।

थॉली और टेन-टेन

आजकल जादू नए नए शब्‍द सीख रहा है।

वो कान पकड़कर मम्‍मा को 'थॉली'  (सॉरी) बोलता है।

और खूब मुस्‍कुराकर बोलता है--'टेन टेन' (थैंक्‍यू)।

बदमाशी

एक दिन जादू ने 'लैक्‍टो-कैलामाइन लोशन'

की शीशी लेकर उसे पूरे बेड पर फैला दिया।

और अपने चेहरे और हाथ पैरों पर लगा लिया।

आजकल जादू की बदमाशियां बढ़ती जा रही हैं।

जादू का जन्‍मदिन आ रहा है

जादू का जन्‍मदिन है शनिवार को।

जादू दो साल का हो जाएगा।
मम्‍मा-पापा तैयारी कर रहे हैं आजकल।

रो पड़ीं

एक दिन जादू ने मम्‍मा को इतना सताया कि

मम्‍मा रो पड़ीं।

फिर जादू को बहुत प्‍यार भी किया।

मुश्किल काम

'एक बेहद शरारती बच्‍चे के मां-बाप होना

एक बेहद मुश्किल काम है।'

---'जादू के पापा'

Wednesday, February 9, 2011

ऋत्विक भैया

एक दिन जादू के विशेष-भक्‍त, मित्र, गाइड और शरारतों के साथी ऋत्विक भैया

चले आए।

उनका क्‍या हश्र किया गया। इन तस्‍वीरों में देखिए।

1. उनके बाल खींचे गए।

2. उनके सिर पर चढ़कर बैठा गया

3. उनके साथ फुटबॉल, क्रिकेट, दौड़ और छिप्‍पी खेला गया।

अब क्‍या-क्‍या बताएं।

जब ऋत्विक भैया चले गए तो जादू बोला--'बैया नईं आं'

यानी भैया नहीं हैं।

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