मम्मा ये मत्तर काटा है।
ये मत्तर काटा है।
Thursday, May 19, 2011
चलो बैट से पोहा बुहारें
जादू ने पोहा खाया
खाया कम पर बहुत गिराया
फिर पूरे घर में फैलाया
और मम्मा ने झाडू उठाया।
जादू ने फिर बैट उठाया।
झाडू और बैट से पोहा बटोरा जा रहा है।
Tuesday, May 17, 2011
जादुई शब्दकोश।।
पिज थन्ना है।
चाय तत्ता है।
पानी थन्ना है
दाल-आबल तत्ता है।
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फ्रिज ठंडा है।
चाय गर्म है
पानी ठंडा है
दाल-चावल गर्म है।
------------------ तक्कर नईं है
शक्कर नहीं है
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ऐवीकॉकल। हेलीकॉप्टर
पेन। प्लेन।
टेन। ट्रेन।
बश। ब्रश
पिच्च। फिश
बद। बर्ड
तर्ड। कर्ड- दही
तीकंद। श्रीखंड।
बनाना। बनानानानानानानानानानानानानानानानानानानानाना।
apple—एप्पल
बिंडी- भिंडी।
बिंडी- बिन्दी। (इसे अंदाज़े से समझना पड़ता है)
ककिया- तकिया।
ककई—ककड़ी
अक्कल- अंकल
दबंग--सलमान ख़ान।
तम्मन-चम्मच
तॉली—थाली
तॉली-कटोरी।
..........................................................................अगले भाग में जारी।।
Monday, May 16, 2011
दीवीदी
पिच्च
कल जादू मम्मा-पापा के साथ 'सावरकर पार्क' की सैर पर गया था।
वहां आजकल एक छोटा-सा एक्वेरियम खुल गया है।
जादू को 'फिश़' देखकर बड़ा अच्छा लगा।
वैसे जादू को फिश इतनी पसंद है कि पापा ने
अपने स्क्रीन सेवर पर भी 'पिच्च'लगा रखी है।
और पास की एक 'शॉप' पर बिना 'एक्वेरियम' देखे
आगे नहीं बढ़ता।
जादू को 'पिच्च' बहुत पसंद है।
ब्रश।।
Thursday, May 5, 2011
Tuesday, April 5, 2011
दाल-डावल-चीच
मम्मा बाहर गयी हैं।
जादू पापा के साथ है।
नीचे खेलकर आया है। और पापा से जादू ने कहा--
पापा पानीयम्।
पापा ने पानी पिलाया।
फिर बोला--पापा, दाल-डावल-चीच
अभी-अभी जादू ने दाल-चावल और cheese
खाया है।
अच्छा बच्चा जादू।
bird bird
'ऑपिच'
मंडे को गुड़ी पाड़वा के दिन जादू मम्मा-पापा के ऑफिस गया था।
तबिता (सविता मौसी) भी वहीं थीं।
जादू ने तबिता को खूब दौड़ाया।
वहां कमला आन्टी ने सिखाया बेटा ये मौसी हैं।
जादू बोला--नईं हैं। तबिता हैं।
जादू ने ऑपिच में खूब मस्ती की।
सबको दौड़ाया।
लौटने को तैयार नहीं था।
आखिरकार ज़बर्दस्ती लाना पड़ा।
रास्ते में 'काऊ' देखकर जादू हंसने भी लगा।